Category «चुदाई की कहानी»

पड़ोसन लड़की की चुदाई

हैल्लो दोस्तों मेरा नाम रोहन है,  मुझे सेक्सी कहानियाँ पढ़ना बहुत अच्छा लगता है. पहले में अपना परिचय आप सभी को दे देता हूँ. दोस्तों में पटना का रहने वाला हूँ और मेरी हाईट 5 फिट 10 इंच है. मेरा लंड 7 इंच लंबा और 3 इंच मोटा है. में अभी पटना के एक अच्छे …

शांति की सील तोड़ी

मेरा नाम रमेश है और मैं 25 वर्ष का युवा हूं। मैं अपने माता पिता के साथ बरेली में रहता हूं लेकिन मुझे बरेली में कोई अच्छा काम नहीं मिल पा रहा था इस वजह से मैंने एक छोटी सी दुकान में नौकरी कर ली और जब मैंने उस दुकान में नौकरी की तो मुझे …

सुनीता का बदन

मेरे कॉलेज की पढ़ाई के दौरान ही मेरी मुलाकात सुनीता से हुई थी हम दोनों एक ही क्लास में पढ़ते थे और हम दोनों के बीच काफी अच्छी दोस्ती भी थी लेकिन जब हम दोनों का कॉलेज खत्म हो गया तो सुनीता की फैमिली चंडीगढ़ चली गई थी। सुनीता के पिताजी का ट्रांसफर चंडीगढ़ हो …

दोनो हाथो मे चूत

कॉलेज खत्म होने के बाद मैं कहीं नौकरी की तलाश में था लेकिन मुझे मेरे हिसाब से नौकरी नहीं मिल पा रही थी। मैं रोज सुबह नौकरी की तलाश में निकलता और खाली हाथ शाम को वापस लौट आता ऐसे ही कई दिन तक मैं अलग-अलग जगह इंटरव्यू देने के लिए गया लेकिन कहीं कुछ नहीं …

अपनी दोस्त को पत्नी बना कर की चुदाई

मैं अपने ऑफिस में बैठा हुआ था तो मेरा दोस्त सुरेश मेरे पास आकर मुझे कहने लगा कि रोहन काफी समय हो गया है हम लोगों ने कहीं घूमने का प्लान भी नहीं बनाया है। सुरेश और मैं एक साथ कॉलेज में पढ़ा करते थे और अब हम दोनों साथ में ही जॉब कर रहे …

लिपिका की चुदाई

हैलो दोस्तो, मैं अक्षद 25 साल का हूँ, मेरा कद 5.6 फिट है। मैं एक कंपनी में जॉब करता हूँ, इसलिए घर से दूर अकेला रहता हूँ। ऑफिस से घर, घर से ऑफिस बस यही साधारण सी ज़िंदगी जीता था, कभी किसी लड़की को घूर के देखना, लाइन मारना, फ्लर्ट करना, यह चीजें मैंने कभी …

कमसिन हसीना

मेरा नाम अनिल है मैं पंजाब के एक छोटे से गांव का रहने वाला हूं, मेरी उम्र 25 वर्ष है। मुझे दिल्ली में आए हुए 4 साल हो चुके हैं और इन 4 सालों में मैंने नौकरी भी की, उसके बाद मैंने अपना ही फास्ट फूड का काउंटर खोल लिया, मेरा फास्ट फूड का काउंटर …

कोमल बदन

सुबह के 9:00 बज रहे थे और घर की डोर बेल कोई काफी देर से बजा रहा था उस वक्त मैं बाथरूम में था। मैंने अपनी पत्नी को आवाज देते हुए कहा कि घर की डोर बेल कोई काफी देर से बजा रहा है। उसने जब दरवाजा खोला तो मैं भी नहा कर बाथरूम से …

चुदाई की बेताबी

कई वर्षों बाद मैं विदेश से लौटा जब मैं विदेश से वापस अपने शहर अंबाला लौटा तो सब कुछ बदल चुका था। मैंने अपने दोस्तों से संपर्क किया और उन लोगों से मैं मिला जब मेरे दोस्तों से मेरी मुलाकात हुई तो मुझे उनसे मिलकर बहुत अच्छा लगा और मैं काफी खुश था कि उन …

चुदाई की खुशी

सुबह के 6:00 बज रहे थे मैं अपनी कॉलोनी के पार्क में चला गया और वहां पर मैं बेंच में बैठा हुआ था सब लोग टहल रहे थे। एक बुजुर्ग मेरे पास आकर बैठे और वह कहने लगे कि बेटा क्या तुम यहीं पास में रहते हो तो मैंने उन्हें कहा हां मैं यहीं रहता …